Special Intensive Revision यानी SIR की प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्वाचन आयोग Gyanesh kumar ने छूटे हुए पात्र मतदाताओं को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए विशेष अभियान शुरू करने का निर्देश दिया है। आयोग के 1 अक्टूबर 2026 के आदेश के मुताबिक यह अभियान उन मतदाताओं पर केंद्रित होगा जिनका नाम SIR से पहले की मतदाता सूची में था, लेकिन वर्तमान मतदाता सूची में शामिल नहीं है। इसके साथ ही पहली बार वोट देने वाले और युवा मतदाताओं को भी अभियान में शामिल किया जाएगा।
निर्वाचन आयोग ने कहा है कि मतदाता पंजीकरण एक निरंतर प्रक्रिया है। इसलिए किसी पात्र व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में नहीं है या किसी कारण से नाम हट गया है तो वह निर्धारित प्रक्रिया के तहत नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकता है।
यह निर्देश ऐसे समय आया है जब SIR के दौरान मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर बदलाव को लेकर राजनीतिक और सार्वजनिक बहस हुई है। अब आयोग की नई कवायद का उद्देश्य पात्र लेकिन छूटे हुए मतदाताओं की पहचान कर उन्हें दोबारा नामांकन का अवसर देना है। 2 अक्टूबर 2026 की रिपोर्टों के अनुसार, जिन राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में SIR पूरा हो चुका है, वहां इस तरह का अभियान लागू किया जा रहा है।
SIR Special Drive 2026 क्या है?
SIR के बाद निर्वाचन आयोग ने left-out electors, यानी छूटे हुए मतदाताओं की पहचान और नामांकन के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया है।
आयोग के आदेश के अनुसार Chief Electoral Officers (CEO), District Election Officers (DEO) और Electoral Registration Officers (ERO) को इस अभियान को लागू करना होगा।
इस अभियान के तहत सबसे महत्वपूर्ण काम BLO यानी Booth Level Officer करेंगे।
BLO सबसे पहले क्या करेंगे?
BLO वर्तमान मतदाता सूची की तुलना SIR से पहले की मतदाता सूची से करेंगे।
इस तुलना के दौरान ऐसे मतदाताओं की सूची तैयार की जाएगी:
जिनका नाम pre-SIR electoral roll में था, लेकिन current electoral roll में नहीं है।
आयोग ने इस प्रक्रिया को स्पष्ट रूप से अपने आदेश में शामिल किया है।
BLO घर-घर जाकर करेंगे सत्यापन
इस अभियान की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता House-to-House Verification है।
BLO चिन्हित मतदाताओं के घर जाएंगे और उनकी वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त करेंगे। यदि व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल होने के लिए पात्र पाया जाता है तो उसका Form 6 भरवाने में सहायता की जाएगी।
आयोग के अनुसार एक BLO लगभग 20 से 25 मतदाताओं को प्रति सप्ताह कवर कर सकता है और यह प्रक्रिया लगभग एक महीने में पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है।
Form 6 क्यों महत्वपूर्ण है?
Form 6 मतदाता सूची में नए मतदाता के नाम को शामिल कराने के लिए निर्धारित आवेदन है।
SIR के बाद चल रहे इस अभियान में पात्र ऐसे व्यक्ति, जिनका नाम वर्तमान सूची में नहीं है, निर्धारित प्रक्रिया के तहत Form 6 के माध्यम से नामांकन करा सकते हैं।
पहली बार वोट देने वाले युवाओं को भी जोड़ा जाएगा
यह अभियान केवल SIR के दौरान छूटे पुराने मतदाताओं तक सीमित नहीं है।
निर्वाचन आयोग ने BLO को घर-घर अभियान के दौरान left-out, first-time और young electors को भी पहचानने तथा Form 6 भरवाने में मदद करने का निर्देश दिया है।
इसका मतलब है कि जो युवा पहली बार मतदान के योग्य हुए हैं लेकिन अभी तक मतदाता सूची में शामिल नहीं हुए हैं, उनके लिए भी नामांकन का अवसर उपलब्ध कराया जाएगा।
उत्तर प्रदेश में भी 2 अक्टूबर को निर्वाचन अधिकारियों ने पात्र लेकिन छूटे हुए मतदाताओं, युवाओं और पहली बार मतदान करने वालों को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए विशेष अभियान की जानकारी दी।
राजनीतिक दलों को भी मिलेगी सूची
SIR के बाद चल रहे इस अभियान में राजनीतिक दलों के बूथ स्तर के प्रतिनिधियों को भी शामिल किया गया है।
BLO द्वारा तैयार की गई सूची मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के Booth Level Agents (BLAs) के साथ साझा की जाएगी।
इसके बाद ERO भी बूथवार सूची राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ साझा करेंगे ताकि वे भी पात्र और छूटे हुए मतदाताओं को नामांकन कराने में मदद कर सकें।
यह व्यवस्था मतदाता सूची के पुनरीक्षण में राजनीतिक दलों की भागीदारी के लिए एक अतिरिक्त अवसर देती है।
नाइट शेल्टर और मजदूर बस्तियों में भी विशेष कैंप
निर्वाचन आयोग ने केवल सामान्य मतदाताओं के लिए ही नहीं, बल्कि उन समूहों तक पहुंचने के लिए भी विशेष कैंप आयोजित करने को कहा है जिनके लिए मतदाता पंजीकरण की प्रक्रिया तक पहुंचना कठिन हो सकता है।
इनमें शामिल हैं:
- नाइट शेल्टर में रहने वाले लोग
- मजदूर कॉलोनियों में रहने वाले लोग
- बेघर नागरिक
- वंचित और हाशिए के लोग
इनके लिए Booth Level Camps और विशेष नामांकन कैंप आयोजित किए जा सकते हैं।
SIR में ASDD सूची क्या थी?
SIR की Enumeration प्रक्रिया के दौरान BLO ने ASDD श्रेणी के मतदाताओं की सूची भी तैयार की थी।
ASDD का मतलब है:
A – Absent यानी अनुपस्थित
S – Shifted यानी स्थानांतरित
D – Dead यानी मृत
D – Duplicate यानी डुप्लीकेट
आयोग के आदेश के मुताबिक ऐसी सूची संबंधित स्थानीय कार्यालयों, राजनीतिक दलों और CEO की वेबसाइट पर साझा की गई थी। इसके बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची प्रकाशित हुई और दावे-आपत्तियों पर निर्णय के बाद अंतिम मतदाता सूची जारी की गई।
क्या SIR में हटे हर नाम को वापस जोड़ दिया जाएगा?
नहीं।
यह अंतर समझना बेहद जरूरी है।
आयोग का नया अभियान हर हटाए गए नाम को स्वतः वापस जोड़ने का आदेश नहीं है। BLO पहले व्यक्ति की वर्तमान स्थिति की जांच करेंगे। पात्र पाए जाने पर Form 6 के माध्यम से आवेदन लिया जाएगा और ERO संबंधित कानूनों के तहत उस मामले पर निर्णय करेगा।
इसलिए पत्रकारिता में “SIR में हटे सभी वोट वापस जुड़ेंगे” कहना सही नहीं होगा।
सही बात यह है कि:
SIR के बाद छूटे पात्र मतदाताओं की पहचान कर उन्हें मतदाता सूची में शामिल होने का अवसर दिया जा रहा है।
SIR के बाद यह अभियान क्यों महत्वपूर्ण है?
SIR का घोषित उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई पात्र नागरिक मतदाता सूची से बाहर न रहे और कोई अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो। निर्वाचन आयोग ने अपने SIR दस्तावेजों में भी इसी उद्देश्य को रेखांकित किया है।
अब SIR पूरा होने के बाद शुरू किया गया Special Drive इसी प्रक्रिया के अगले चरण के रूप में देखा जा सकता है।
इसमें मुख्य रूप से चार बातें महत्वपूर्ण हैं:
- Pre-SIR और current electoral roll का मिलान
- छूटे मतदाताओं की पहचान
- घर-घर जाकर सत्यापन
- पात्र पाए जाने पर Form 6 के जरिए नामांकन
मतदाताओं को क्या करना चाहिए?
अगर किसी व्यक्ति का नाम पहले की मतदाता सूची में था लेकिन वर्तमान सूची में नहीं है, तो उसे पहले अपनी वर्तमान स्थिति की जांच करनी चाहिए।
यदि नाम शामिल नहीं है और व्यक्ति पात्र है, तो Form 6 के माध्यम से नामांकन की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है। BLO भी इस प्रक्रिया में सहायता करेंगे।
आयोग ने अधिकारियों को जागरूकता अभियान, स्थानीय स्तर पर संपर्क, SVEEP गतिविधियों और प्रेस ब्रीफिंग के माध्यम से लोगों को जानकारी देने का निर्देश दिया है।
निष्कर्ष
SIR Special Drive 2026 मतदाता सूची के अगले महत्वपूर्ण चरण के रूप में सामने आया है। निर्वाचन आयोग ने SIR पूरा होने वाले क्षेत्रों में छूटे हुए पात्र मतदाताओं और पहली बार वोट देने वाले युवाओं को जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया है।
इस अभियान में BLO की घर-घर जांच, Pre-SIR और वर्तमान मतदाता सूची का मिलान, Form 6, बूथ स्तर के कैंप और राजनीतिक दलों के BLAs की भागीदारी प्रमुख हिस्सा हैं।
इसलिए अगर किसी पात्र नागरिक का नाम वर्तमान मतदाता सूची में नहीं है, तो SIR के बाद शुरू की गई यह प्रक्रिया उसके लिए नामांकन का एक महत्वपूर्ण अवसर है।